नामकरण मुहूर्त 2026 — Namkaran
नामकरण संस्कार, परंपरा से जन्म के 11वें या 12वें दिन।
आगामी शुभ तिथियाँ
नक्षत्र, वार और सौर मास के आधार पर छाँटी गई हैं। ऋक्ता तिथियाँ (4, 9, 14) और अमावस्या वर्जित हैं।
22 अक्टूबर 2026
गुरुवार · शतभिषा · एकादशी
26 अक्टूबर 2026
सोमवार · अश्विनी · पूर्णिमा
30 अक्टूबर 2026
शुक्रवार · मृगशिरा · पञ्चमी
1 नवंबर 2026
रविवार · पुष्य · सप्तमी
5 नवंबर 2026
गुरुवार · उत्तर फाल्गुनी · एकादशी
6 नवंबर 2026
शुक्रवार · हस्त · द्वादशी
11 नवंबर 2026
बुधवार · अनुराधा · द्वितीया
15 नवंबर 2026
रविवार · उत्तराषाढ़ा · षष्ठी
16 नवंबर 2026
सोमवार · श्रवण · सप्तमी
20 नवंबर 2026
शुक्रवार · उत्तर भाद्रपद · एकादशी
22 नवंबर 2026
रविवार · अश्विनी · त्रयोदशी
25 नवंबर 2026
बुधवार · रोहिणी · प्रतिपदा
26 नवंबर 2026
गुरुवार · मृगशिरा · द्वितीया
29 नवंबर 2026
रविवार · पुष्य · षष्ठी
3 दिसंबर 2026
गुरुवार · उत्तर फाल्गुनी · दशमी
4 दिसंबर 2026
शुक्रवार · हस्त · एकादशी
6 दिसंबर 2026
रविवार · स्वाति · त्रयोदशी
14 दिसंबर 2026
सोमवार · श्रवण · पञ्चमी
16 दिसंबर 2026
बुधवार · शतभिषा · सप्तमी
20 दिसंबर 2026
रविवार · अश्विनी · एकादशी
25 दिसंबर 2026
शुक्रवार · पुनर्वसु · द्वितीया
30 दिसंबर 2026
बुधवार · उत्तर फाल्गुनी · सप्तमी
31 दिसंबर 2026
गुरुवार · हस्त · अष्टमी
4 जनवरी 2027
सोमवार · अनुराधा · द्वादशी
नामकरण की ये तिथियाँ कैसे चुनी जाती हैं
कोई तिथि तभी उपयुक्त मानी जाती है जब चंद्रमा नामकरण के लिए शास्त्रों में निर्दिष्ट नक्षत्रों में से किसी एक में हो: अश्विनी, रोहिणी, मृगशिरा, पुनर्वसु, पुष्य, हस्त, चित्रा, स्वाति, अनुराधा, उत्तर फाल्गुनी, उत्तराषाढ़ा, उत्तर भाद्रपद, श्रवण, धनिष्ठा, शतभिषा, रेवती।
नामकरण शिशु का संस्कार है और चातुर्मास से वर्जित नहीं होता — दिन नक्षत्र और वार से चुना जाता है।
ऋक्ता तिथियाँ — चतुर्थी, नवमी और चतुर्दशी — तथा अमावस्या प्रत्येक संस्कार के लिए वर्जित हैं, और वर्जित नक्षत्रों (भरणी, कृत्तिका, अश्लेषा, मघा, Moola) में पड़ने वाली कोई भी तिथि भी।
तिथि पूरे भारत में एक ही रहती है, क्योंकि नक्षत्र, वार और सौर मास सर्वत्र समान होते हैं। किंतु मुहूर्त की घड़ी एक नहीं रहती — राहु काल, भद्रा और चौघड़िया की अवधियाँ आपके स्थानीय सूर्योदय के साथ खिसकती हैं, इसलिए समय निश्चित करने से पहले अपने नगर का दैनिक पृष्ठ अवश्य देखें।
अपने परिवार के लिए सटीक मुहूर्त चाहिए?
व्यक्तिगत मुहूर्त इन तिथियों को आपकी अपनी कुंडली और नगर के अनुसार परखता है।
अन्य मुहूर्त